केतन लाल हत्याकांड: कांग्रेस ने पीड़ित परिवार से की मुलाकात, धामी सरकार की कानून व्यवस्था पर उठाए सवाल
देहरादून/टिहरी। टिहरी गढ़वाल के लंबगांव थाना क्षेत्र स्थित खोलगढ़ गांव में दलित युवक केतन लाल की हत्या के मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। उत्तराखंड कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के प्रदेश अध्यक्ष मदन लाल ने मृतक के गांव पहुंचकर शोकाकुल परिजनों से मुलाकात की और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हरसंभव संघर्ष का भरोसा दिया।
मदन लाल ने टिहरी के पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर मामले की निष्पक्ष और त्वरित जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि इस जघन्य घटना में कोई भी दोषी बचना नहीं चाहिए और पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द न्याय मिलना चाहिए।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में प्रदेश की कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। उनका कहना था कि राज्य में कमजोर वर्गों, विशेषकर दलित समाज के लोगों पर अत्याचार की घटनाएं बढ़ रही हैं और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाएं देवभूमि उत्तराखंड की छवि को धूमिल कर रही हैं।
मदन लाल ने राज्य सरकार से मृतक के परिजनों को उचित आर्थिक सहायता और मुआवजा देने के साथ-साथ परिवार के एक सदस्य को रोजगार उपलब्ध कराने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि पीड़ित परिवार को जल्द न्याय नहीं मिला और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस पार्टी आंदोलन, धरना और प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होगी, जिसकी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी।
क्या है मामला?
जानकारी के अनुसार, देवल गांव निवासी दलित युवक केतन लाल का एक युवती से प्रेम प्रसंग बताया जा रहा है। आरोप है कि 7-8 जून की रात युवती के फोन पर केतन अपने मित्र दिवाकर डिमरी के साथ बाइक से खोलगढ़ गांव पहुंचा, जहां युवती के परिजनों ने दोनों को पकड़ लिया और उनके साथ बेरहमी से मारपीट की। गंभीर रूप से घायल केतन लाल की बाद में उपचार के दौरान मौत हो गई। इस मामले में पुलिस अब तक चार आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है और आगे की जांच जारी है।