उत्तराखंड में स्वाइन फ्लू ने दी दस्तक, 22 दिनों में 31 मरीज संक्रमित; स्वास्थ्य विभाग अलर्ट
देहरादून। दिल्ली, कर्नाटक, महाराष्ट्र, गुजरात, हरियाणा और केरल के बाद अब उत्तराखंड में भी स्वाइन फ्लू यानी इंफ्लुएंजा एच1एन1 ने दस्तक दे दी है। अगस्त में अब तक प्रदेश में 31 मरीजों में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हो चुकी है। इनमें अधिकांश मामले देहरादून से सामने आए हैं। बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिलों में निगरानी बढ़ाने के साथ अस्पतालों को जरूरी व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने के निर्देश दिए हैं।
राज्य सर्विलांस अधिकारी डॉ. पंकज के मुताबिक सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को अस्पतालों में आवश्यक इंतजाम पुख्ता करने के निर्देश दिए गए हैं। सरकारी और निजी अस्पतालों के साथ ही मेडिकल कॉलेजों में स्क्रीनिंग बढ़ाने तथा शुरुआती लक्षण सामने आने पर आवश्यक जांच सुनिश्चित करने को कहा गया है। बीमारी के उपचार को लेकर विभाग की ओर से एसओपी भी तैयार की जा रही है।
स्वाइन फ्लू के मामलों पर एकीकृत रोग निगरानी परियोजना (आईडीएसपी) के तहत लगातार नजर रखी जा रही है। सभी जिलों में रैपिड रिस्पॉन्स टीमों को सक्रिय कर दिया गया है। किसी क्षेत्र में चार से अधिक मामले सामने आने पर टीम मौके पर पहुंचकर स्क्रीनिंग करेगी। टीम में फिजिशियन, विशेषज्ञ और दो अन्य स्वास्थ्यकर्मियों समेत चार सदस्य शामिल हैं।
अस्पतालों को जरूरी संसाधन तैयार रखने के निर्देश
स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी में चिकित्सा संस्थानों को इंफ्लुएंजा परीक्षण किट, पीपीई किट, मास्क, वीटीएम वॉयल, ओसेल्टामिविर दवा और वेंटिलेटर समेत जरूरी संसाधनों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया है। अस्पतालों को अपनी तैयारियों की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए हैं। लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
ये हैं स्वाइन फ्लू के प्रमुख लक्षण
स्वाइन फ्लू के लक्षण सामान्य वायरल बुखार जैसे दिखाई दे सकते हैं, इसलिए इन्हें नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। अचानक बुखार आना, ठंड लगना, खांसी, नाक बहना, मांसपेशियों में दर्द, अत्यधिक थकान, उल्टी और सांस लेने में परेशानी इसके प्रमुख लक्षण हो सकते हैं। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है।
स्वास्थ्य सचिव विनय शंकर पांडेय ने कहा कि इंफ्लुएंजा एच1एन1 वायरस से निपटने के लिए सभी चिकित्सा इकाइयों को आवश्यक व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर लगातार नजर रख रहा है और हर स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं।