सीता माता मंदिर के जीर्णोद्धार और BKTC में कथित भ्रष्टाचार को लेकर UKD का हल्ला बोल, CEO को सौंपा ज्ञापन
ज्योतिर्मठ/चमोली। उत्तराखंड क्रांति दल (UKD) ने बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर गुरुवार को समिति के मुख्य कार्याधिकारी (CEO) को ज्ञापन सौंपते हुए सीता माता मंदिर के जीर्णोद्धार, कथित भ्रष्टाचार की जांच और हालिया चोरी की घटना पर जवाबदेही तय करने की मांग की। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व पार्टी के केंद्रीय महामंत्री बृजमोहन सिंह (बीरू) सजवाण ने किया।
ज्ञापन में कहा गया कि चमोली जनपद के चांई-ज्योतिर्मठ स्थित उत्तर भारत के एकमात्र पौराणिक सीता माता मंदिर की स्थिति अत्यंत जर्जर है। मंदिर परिसर में माता सीता की शिला एक छोटे कक्ष में स्थापित है, जबकि पूर्व में जारी निर्माण टेंडर निरस्त होने से स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में निराशा है। UKD ने जनभावनाओं और स्थानीय सांस्कृतिक परंपराओं के अनुरूप मंदिर के भव्य जीर्णोद्धार कार्य को शीघ्र प्रारंभ करने की मांग की। पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि निर्माण कार्य शुरू नहीं किया गया तो BKTC अध्यक्ष का घेराव किया जाएगा।
इसके अलावा, बद्रीनाथ धाम में हुई चोरी की घटना को सनातन समाज की आस्था पर आघात बताते हुए UKD ने BKTC अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए पद से इस्तीफा देने की मांग की। साथ ही समिति में कथित भ्रष्टाचार तथा उपाध्यक्ष विजय कपरवाण पर लगे अनियमितताओं के आरोपों की शासन-प्रशासन से उच्चस्तरीय जांच कराने की भी मांग उठाई।
प्रतिनिधिमंडल में केंद्रीय उपाध्यक्ष मोहन सिंह असवाल, तराई प्रभारी राजेंद्र बिष्ट, केंद्रीय सचिव सौम्य चौधरी, नगर अध्यक्ष ऋषिकेश राजेंद्र गुनसोला, महानगर अध्यक्ष प्रवीण रमोला, चमोली जिला उपाध्यक्ष अनिल राणा तथा रमेश रतूड़ी सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। UKD ने कहा कि यदि मांगों पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो पार्टी प्रदेशभर में आंदोलन तेज करेगी।